धुरंधर 2: द रिवेंज - फिल्म समीक्षा (Hindi Movie Review)
धुरंधर 2: द रिवेंज - फिल्म समीक्षा (Hindi Movie Review) आदित्य धर की ' धुरंधर 2: द रिवेंज ' केवल एक फिल्म नहीं, बल्कि एक 229 मिनट (3 घंटे 49 मिनट) का महा-अनुभव है। 2025 की सुपरहिट 'धुरंधर' का यह सीक्वल अपने पहले भाग से कहीं अधिक भव्य, हिंसक और भावनात्मक रूप से गहरा है। कहानी: बदले और देशभक्ति का संगम फिल्म की शुरुआत जसकीरत सिंह रांगी उर्फ हमजा अली मजारी (रणवीर सिंह) के अतीत से होती है। जसकीरत, जो अब कराची के अंडरवर्ल्ड में 'लियारी के सुल्तान' के रूप में अपनी पहचान बना चुका है, एक खतरनाक मिशन पर है। उसका लक्ष्य 26/11 के मास्टरमाइंड्स को खत्म करना और पाकिस्तान के भीतर मौजूद आतंकी नेटवर्क को नेस्तनाबूद करना है। कहानी में नया मोड़ तब आता है जब उसका सामना मेजर इकबाल (अर्जुन रामपाल) से होता है। फिल्म की टैगलाइन— "अब पाकिस्तान का मुस्तकबिल, हिंदुस्तान तय करेगा" —इसकी पूरी टोन सेट कर देती है। अभिनय: रणवीर सिंह का 'कैरियर बेस्ट' परफॉर्मेंस रणवीर सिंह: उन्होंने 'हमजा' के किरदार में खुद को पूरी तरह झोंक दिया है। एक जासूस की मजबूरी, एक भाई क...